CAGDI के लाभ

CAGDI

केंद्रीय कृषि विकास संस्थान (विकसित राष्ट्र स्थापना लक्ष्यों हेतु केंद्रीय एजेन्सी के रुप में भारत सरकार द्वारा स्वायत्तता प्राप्त सार्वजनिक क्षेत्रीय उद्यम)

CAGDI के लाभ

योजना से होने वाले लाभ

1 . दुग्ध एवं कृषि नीति भारत सरकार का जमीनी क्रियान्वयन अथवा केन्द्र/राज्य सरकार की योजना/परियोजना/अन्य का (कृषक हितों अथवा दोगुनी आय 2022 योजना के क्रम में ) जमीनी/वास्तविक क्रियान्वयन।

2 . दुग्ध एवं दुग्ध उत्पाद, खाद्यान्न/आलू अथवा समस्त सब्जियाँ/धान/दलहन/तिलहन के उचित मूल्य/ एम.एस.पी. में हो रही अनियमितिताओं पर सम्पूर्ण नियन्त्रण (समस्त कच्चा माल जो परियोजना में शामिल या संस्थान द्वारा निर्देशित)

3 . दुग्ध उत्पादन को बाजार की मांग/पूर्ति के आधार पर उपलब्धता होने पर सिन्थेटिक दूध/मिलावटी दूध एवं दुग्ध उत्पाद से निजात।

4 . बिचौलिया प्रणाली का लगभग खात्मा।

5 . सब्जियों/कृषि उत्पादों को सड़ने/अन्य क्षति से लगभग सम्पूर्ण रोकथाम।

6 . कृषि कार्यों से मोहभंग पर लगभग सम्पूर्ण निजात अथवा वैज्ञानिक/औद्यानिक कृषि कार्यों/अन्य से कृषकों के आय से कृषकों के मोहभंग पर लगभग सम्पूर्ण विराम।

7 . देशी गायों के प्रति हो रहे मोहभंग पर सम्पूर्ण विराम।

8 . आधुनिक प्रयोगशाला द्वारा आधुनिक तकनीक अपनाकर जैविक व्यवस्थान्तर्गत संकरित उत्कृष्ट संकर बीज/अन्य प्रसंस्करण (समस्त कच्चा माल जो संस्थान के परियोजना में शामिल है) द्वारा निर्माण कराकर कृषक हित/राष्ट्रहित/जनहित में उपयोगी (संस्थान के मूल उद्देश्यों में शामिल) होगा, आदि का निर्माण कार्य कराकर कृषकों/अन्य हेतु बाजार में नियंत्रित दर पर उपलब्ध कराये जाने से अनियंत्रित मूल्य पर नियंत्रण प्राप्त करना।

उक्त लाभों के अतिरिक्त अन्य लाभ भी समयानुकूल परिवर्तनों के क्रम में अप्रत्यक्ष रूप से निहित है|

केन्द्रीय कार्यालय/मुख्यालय हेतु महत्वपूर्ण सूचना

सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि केन्द्रीय कृषि विकास संस्थान द्वारा निजी केन्द्रीय कार्यालय/मुख्यालय की स्थापना हेतु दिनांक 17 जनवरी 2020 में श्रीमान कृषि सचिव भारत सरकार नई दिल्ली के सम्मुख प्रस्तुत किये गए खरीद प्रस्ताव पर जारी आदेश डायरी संख्या 472175 दिनांक 17 जनवरी 2020 के तहत केन्द्रीय कृषि विकास संस्थान से जारी प्रस्ताव पत्रांक 43/के.कृ.वि.सं./2019-20 दिनांक 20 जनवरी 2020 के क्रम में श्रीमान सहायक महानिदेशक भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद स्तरीय जारी स्वीकृति/सुझाव आदेश पत्र संख्या 366924/स.म.(त.स.) दिनांक 23.03.2020 तत्क्रम श्रीमान कृषि सचिव भारत सरकार नई दिल्ली 106/के.कृ.वि.सं./2019-20 दिनांक 26 फरवरी 2020 को खरीद कार्यवाही विषयक आख्या/प्रस्ताव/रिपोर्ट अथवा संस्थागत स्वीकृति प्रदान की गयी । मा.मुख्यमंत्री जी उ.प्र.शासन को केन्द्रीय कार्यालय/मुख्यालय की स्थापना हेतु खरीद प्रस्ताव पर जारी आदेश संख्या CRCD000732687864 दिनांक 30 जनवरी 2020 के क्रम में ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण के आदेश पत्रांक-ग्रे.नो./संस्थागत/2020/995 दिनांक 04.02.2020 कार्यवाही सम्पन्न करायी जा चुकी है। तत्क्रम केन्द्रीय कार्यालय/मुख्यालय का एन.सी.आर. के ग्रेटर नोएडा में स्थापना हेतु मा.मुख्यमंत्री जी उ.प्र.शासन के कार्यालय से दिनांक 27 जून 2022 में जारी CRCF0013886793 के क्रम में दिनांक 27 जुलाई 2022 में विभिन्न कार्यवाही पश्चात केंद्रीय कार्यालय के नियंत्रणाधीन केंद्रीय मुख्यालय का अनुमोदन प्राप्त हो चुका है | केन्द्रीय कृषि विकास संस्थान द्वारा राष्ट्रीय/अंतर्राष्ट्रीय अथवा वैश्विक स्तरीय केंद्रीय कार्यालय हेतु श्रीमान प्रमुख सचिव माननीय मुख्यमंत्री जी उत्तर प्रदेश शासन CRCD000561464368 दिनांक 27.01.2022 के क्रम में लखनऊ उत्तर प्रदेश में केंद्रीय कार्यालय प्रस्तावित अथवा कार्यवाही प्रचलित है। केन्द्रीय कृषि विकास संस्थान द्वारा केंद्रीय कार्यालय के नियंत्रणाधीन वैश्विक स्तरीय केंद्रीय वित्तीय कार्यालय मुंबई महाराष्ट्र में स्थापना प्रस्तावित है।

   सूचना : सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि वर्तमान में संस्थागत संपर्क कार्यालय एवं दूरभाष सुविधाएं कोरोना आदि कारणों से प्रभावित हैं, जिन्हें जनसामान्य हेतु शीघ्र उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित होगा |     सूचना : सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि वर्तमान में संस्थागत संपर्क कार्यालय एवं दूरभाष सुविधाएं कोरोना आदि कारणों से प्रभावित हैं, जिन्हें जनसामान्य हेतु शीघ्र उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित होगा |     सूचना : सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि वर्तमान में संस्थागत संपर्क कार्यालय एवं दूरभाष सुविधाएं कोरोना आदि कारणों से प्रभावित हैं, जिन्हें जनसामान्य हेतु शीघ्र उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित होगा |    सूचना : सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि वर्तमान में संस्थागत संपर्क कार्यालय एवं दूरभाष सुविधाएं कोरोना आदि कारणों से प्रभावित हैं, जिन्हें जनसामान्य हेतु शीघ्र उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित होगा |